Monday, 22 February 2016

"तू...!!"

मैं तुम्हें नहीं पूजता
पर जिसे मैं पूजता हूँ
वो तुम्हें मानती है
मेरे खुद के रहने का घर नहीं
पर तेरे  लिए एक जगह ढूंढता हूँ
क्या करूँ मैं अपनी माँ को मानता हूँ...
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